हजारीबाग के विष्णुगढ़ थाना क्षेत्र अंतर्गत कुसुंबा गांव में मानवता को संसार करने वाली घटना ने पूरे राज्य को झांझोर का रख दिया है. 72 घंटे बीत जाने के बाद भी शव का अब तक अंतिम संस्कार नहीं किया गया है. भारतीय जनता पार्टी के प्रदेश अध्यक्ष आदित्य साहू, हजारीबाग सांसद मनीष जायसवाल समेत कई विधायक पीड़ित परिवार को ढांढस बंधाने के लिए गांव पहुंचे. यह भी स्पष्ट किया कि 24 घंटे के अंदर अपराधी गिरफ्तार नहीं होते हैं तो सोमवार को हजारीबाग बंद रहेगा. राज्य के सभी जिला मुख्यालय में धरना भी दिया जाएगा. इसके बाद भी गिरफ्तारी नहीं होती है तो पूरा झारखंड ठप कर दिया जाएगा.
हजारीबाग की विष्णुगढ़ थाना क्षेत्र अंतर्गत कुसुंभा गांव की घटना ने पूरे समाज को स्तब्ध कर दिया है. 12 वर्षी नाबालिक की संदिग्ध अवस्था में शव मिलाहै. शव की स्थिति को देखकर परिजनों का कहना है कि बच्चों के साथ सामूहिक दुष्कर्म किया गया है और फिर साक्ष छुपाने के लिए उसकी बेरहमी से हत्या कर दी गई है. इस घटना की निंदा पूरे राज्य भर में हो रही है. भाजपा प्रदेश अध्यक्ष आदित्य साहू, हजारीबाग सांसद मनीष जायसवाल समेत कई विधायक गांव पहुंचे. इन्होंने पीड़ित परिवार को ढांढस बंधाया है. सरकार पर गंभीर आरोप लगाते हुए कहा कि राज्य में कानून व्यवस्था नाम की चीज नहीं है. इतनी बड़ी घटना घट जाने के बाद भी जिले के उपायुक्त और पुलिस अधीक्षक घटनास्थल पर भी नहीं पहुंचे. एसडीपीओ सिर्फ औपचारिकता निभाने के लिए घटनास्थल पर है. 48 घंटे बीत जाने के बाद भी अपराधी गिरफ्तार नहीं हुए हैं. इन्होंने प्रशासन से मांग किया है कि 24 घंटे के अंदर गिरफ्तारी हो नहीं तो सोमवार को पूरा हजारीबाग बंद कर दिया जाएगा. राज्य के सभी जिला मुख्यालय पर भाजपा धरना देगी. इसके बाद भी अगर गिरफ्तार नहीं होती है तो पूरा झारखंड ठप कर दिया जाएगा. प्रदेश अध्यक्ष ने सरकार पर आरोप लगाया कि कोयला और बालू चोरी करने में सरकार व्यस्त है. आम जनता को सुरक्षा तक नहीं मिल पा रहा है.
भाजपा नेता अमर बावरी ने सरकार और जिला प्रशासन पर सवालिया निशान खड़ा करते हुए कहा कि चार दिनों से शव गांव में पड़ा हुआ है. इसका सुद लेने के लिए सरकार के कोई प्रतिनिधि और जिला प्रशासन के वरीय पदाधिकारी नहीं पहुंचे. जो यह दर्शाता है कि सरकार और जिला प्रशासन दोनों निष्क्रिय हैं और उनके पास मानवता नाम का शब्द तक नहीं है.
72 घंटे से भी अधिक समय बीत जाने के बाद भी शव का अंतिम संस्कार नहीं होने से पूरे ग्रामीण शोकाकुल है. ग्रामीणों में काफी आक्रोश भी देखने को मिल रहा है. घटनास्थल पर पहुंचे भाजपा नेता ने बताया कि मृतक बच्ची का जीभ काट लिया गया है, हाथ तोड़ दिए गए हैं, दोनों आंख भी क्षतिग्रस्त कर दिया गया है. लेकिन अब तक अपराधी पुलिस के गिरफ्त के बाहर हैं .गिरफ्तारी कार्रवाई पर विष्णुगढ़ एसडीपीओ बैजनाथ प्रसाद ने कहा कि फॉरेंसिक की टीम और खोजी कुत्ते घटनास्थल पर ले गए थे. पोस्टमार्टम होने के बाद जो रिपोर्ट आएगा उसी आधार पर कुछ टिप्पणी की जा सकती है. इन्होंने अस्वस्थ किया है कि अपराधी जल्द से जल्द गिरफ्तार होंगे और पीड़ित परिवार को सुरक्षा भी उपलब्ध कराया जा रहा है.
इस घटना ने दिल्ली के निर्भया कांड की याद को ताजा कर दिया है. एक और महिला सशक्तिकरण और बेटियों को उनके अधिकार दिलाने के लिए सरकार बात कर रही है. तो दूसरी ओर इस घटना ने पूरे मानवता को शर्मसार कर दिया है.

